केंद्रीय स्वास्थ्य व परिवार कल्याण, विज्ञान और प्रौद्योगिकी व पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ हर्ष वर्धन आज World Biofuel Day के अवसर पर विज्ञान भवन में आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल हुए । कार्यक्रम में पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान जी भी उपस्थित थे । इस अवसर पर डॉ हर्ष वर्धन ने कहा कि स्वच्छ ईंधन, सस्ता ईंधन को लेकर श्री नरेन्द्र मोदी जी की सरकार प्रतिबद्ध है । उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा चलाई गई उज्ज्वला योजना से देशभर की महिलाओं को धुएं से मुक्ति मिली है और जन सामान्य के स्वास्थ्य पर इसका सकारात्मक प्रभाव पड़ा है।



उन्होंने कहा कि भारत में समान कुकिंग ऑयल का उपयोग विभिन्न चीजों को तलने-भुनने के लिए किया जाता है। ज्यादा समय तक तलने-भुनने के दौरान ये कुकिंग ऑयल खराब हो जाता है जो संबंधित लोगों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर डालता है और विभिन्न तरह की बीमारियों जैसे कि हाइपरटेंशन, एथेरोस्क्लेरोसिस, अल्जाइमर व यकृत से जुड़ी बीमारियों का कारण बनता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का सही कहना है कि जैव ईंधन सिर्फ विज्ञान नहीं है बल्कि मंत्र है जो 21वीं सदी में पूरी मानव जाति को नई ऊर्जा देगा। हमारे पूर्वज 'अल्प भुक्तम, बहु भुक्तम' अर्थात जो लोग कम भोजन करते हैं, वे लंबे समय तक भोजन करते हैं, में विश्वास रखते थे और आज शोध में यह सच साबित हो गया है। देशभर के Labs में Waste को Wealth में बदलने के लिए कई तरह के रिसर्च चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी 2022 तक भारत को New India बनाना चाहते हैं और World Biofuel Day के अवसर पर सभी लोगों से प्रधानमंत्री जी के इस मिशन में सहयोग देने का आह्वान करता हूं।

हर साल 10 अगस्त को मनाए जाने वाले विश्व जैव ईंधन दिवस का प्रमुख उद्देश्य पांरपरिक जीवाश्म ईंधन के विकल्प के रूप में गैर- जीवाश्म ईंधन के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाना और जैव ईंधन के क्षेत्र में सरकार द्वारा किए गए प्रयासों को फैलाना है। इस वर्ष विश्व जैव ईंधन दिवस की थीम प्रयुक्त कुकिंग ऑयल (यूसीओ) से जैव डीजल का उत्पादन करना’ है। जैव ईंधन के विभिन्न फायदों में आयात निर्भरता में कमी, स्वच्छ पर्यावरण, किसानों को अतिरिक्त आमदनी और रोजगार सृजन शामिल हैं।