01 सितंबर, 2019: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार हेल्थ फॉर ऑल के लिए कटिबद्ध है और इस दिशा में सरकार तेजी से काम कर रही है। यह बात केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, विज्ञान व प्रौद्योगिकी और पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ हर्ष वर्धन ने आज नई दिल्ली के आर के पुरम में नये Central Government Health Scheme (CGHS) भवन का लोकार्पण करने के बाद कही।



केंद्रीय मंत्री डॉ हर्ष वर्धन ने कहा कि CGHS का पहला क्लीनिक 1954 में खुला था लेकिन 2014 तक हम सिर्फ 25 शहरों तक ही पहुंच पाए जबकि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले पांच वर्षों में CGHS सेवा 71 शहरों तक पहुंच गई है और 2022 तक इसे 100 शहरों तक पहुंचाने का लक्ष्य है। पिछले 5 वर्षों में CGHS की सेवा में काफी सुधार हुए हैं और इसके माध्यम से लोगों को बेहतरीन सुविधाएं दी जा रही हैं। CGHS योजना में, देश की ही नहीं अपितु दुनिया में सर्वश्रेष्ठ योजना बनने की क्षमता है।

पुरानी बातों को याद करते हए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आज के कार्यक्रम में आकर मुझे काफी अच्छा लग रहा है। बहुत कम लोग जानते हैं कि बचपन में मैंने CGHS की ही दवा खाई है। मेरे पिता सरकारी कर्मचारी थे। दरियागंज में गोलचा के पास स्थित डिस्पेंसरी और बाद में पटपड़गंज की डिस्पेंसरी से हमलोग दवा लेने जाते थे। उन्होंने कहा कि पोलियो उन्मूलन अभियान के दौरान CGHS और अन्य प्राइवेट संस्थानों के डॉक्टरों ने काफी मदद की थी और सभी के सहयोग के कारण ही हम आज पोलियो को समाप्त करने में कामयाब हो सके हैं। आज CGHS की सेवा में काफी सुधार हुआ है,जो लोग 80 साल के उपर के हैं, उन्हें CGHS के डॉक्टर फोन कर उनका हाल चाल पूछते हैं।

डॉ हर्ष वर्धन ने संबंधित अधिकारियों से कहा कि आप CGHS पर विस्तृत चर्चा कर इसे दुनिया की सबसे बेहतरीन योजना बनाने के लिए काम करें। मैं आपको सरकार की तरफ से हर संभव मदद देने का भरोसा देता हूं। CGHS में जिन बीमारियों का इलाज होता है वो रूटीन बीमारियां होती हैं, इसलिए दवा के साथ साथ डॉक्टरों का व्यवहार भी बहुत मायने रखता है।

डॉ हर्ष वर्धन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में स्वास्थ्य के क्षेत्र के ऐतिहासिक काम हुए हैं। आज देशभर में AIIMS की संख्या 22 हो गई है जबकि पिछले 5 वर्षों में कुल 157 मेडिकल कॉलेज खोलने की मंजूरी दी जा चुकी है। विश्व के किसी भी देश की सरकार द्वारा स्वास्थ्य के बुनियादी ढ़ाचे पर इतना काम नहीं किया होगा। आयुष्मान भारत योजना के तहत 1 लाख 50 हजार हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर्स खोलने का काम तेजी से किया जा रहा है। एक साल में हमने 20 हजार हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर्स खोल दिए हैं जिन्हें मार्च 2020 तक 40 हजार तक कर दिया जाएगा और 2022 तक इनकी संख्या एक लाख पचास हजार हो जाएगी।

कार्यक्रम के दौरान नई दिल्ली की सांसद मीनाक्षी लेखी के अलावा केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव प्रीति सुदान, विशेष सचिव संजीवा, ज्वाइंट सेक्रेटरी आलोक और CGHS के डायरेक्टर जनरल अतुल प्रकाश समेत कई गणमान्य लोग मौजूद थे।