18 जुलाई, 2019 केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, विज्ञान और प्रौद्योगिकी व पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ हर्ष वर्धन, आयुष मंत्री श्री पद नायक, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण राज्य मंत्री अश्वनी चौबे की उपस्थिति में स्वास्थ्य मंत्रालय, आयुष मंत्रालय, रक्षा मंत्रालय और रेल मंत्रालय के बीच टीबी उन्मूलन के लिए कई समझौते पर हस्ताक्षर हुए। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय और रक्षा मंत्रालय के बीच एमओयू साइन होने के बाद पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों तक टीबी के उपचार की सुविधाएं सुगम और प्रभावी तरीके से पहुंचेंगीं। जबकि, आयुष मंत्रालय के साथ हुए हुए समझौते के बाद आयुष मंत्रालय के अधीन 700 अंडर ग्रेजुएट कॉलेज, 200कॉलेज, 4,000 हॉस्पिटल व 27,000 डिस्पेंसरियां टीबी उन्मूलन में अहम भूमिका अदा कर पाएंगे ।



आयुष और रक्षा मंत्रालय के साथ स्वास्थ्य मंत्रालय ने रेल मंत्रालय से भी टीबी के उन्मूलन के लिए हाथ मिलाया है। रेल मंत्रालय के साथ एमओयू साइन होने के बाद रेलवे के देशभर में फैले 125 अस्पताल और 586पॉलीक्लिनिक टीबी उन्मूलन की दिशा में अहम कड़ी साबित होंगे ।

एमओयू पर हस्ताक्षर होने के बाद केन्द्रीय मंत्री डॉ हर्ष वर्धन ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में भारत सरकार ने ये संकल्प लिया है कि टीबी को हराने को जो लक्ष्य सारी दुनिया ने 2030 तक का रखा है उसे हम 2025 तक पूरा करेंगे । उन्होंने कहा कि इस काम में सभी मंत्रालयों को मिलकर काम करना होगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सब लोग मिलकर टीबी को हराएंगे और देश को जिताएंगे । इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा कि हम देश में डेढ़ लाख हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर खोलने पर काम कर रहे हैं जो 2022 तक पूरा हो जाएगा ।