19 सितंबर 2019: केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण, विज्ञान और प्रौद्योगिकी और पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ हर्ष वर्धन ब्रिक्स देशों के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रियों के सम्मेलन के लिए इस समय ब्राजील के Sao Paulo शहर में हैं । यहां कैंपिनास में 7वें ब्रिक्स विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रियों के सम्मेलन से पहले आज वो कैंपिनास के भ्रमण पर निकले। ब्रिक्स सम्मेलन शुरु होने से पहले डॉ हर्ष वर्धन ने ब्राजील के विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं नवाचार मंत्री मार्कोस पोंटिस के साथ द्विपक्षीय वार्ता की, जिसमें दोनों देशों ने विज्ञान व प्रौद्योगिकी व नवाचार के क्षेत्र में आपसी रिश्तों को और मजबूत करने पर जोर दिया । बैठक में उन्होंने ब्राजील को भरोसा दिलाया कि भारत विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में आपसी सहय़ोग के लिए ब्राजील के साथ कदम से कदम मिलाकर चलने को तैयार है ।



इस बैठक के बाद डॉ हर्ष वर्धन ने कैंपिनास में ही National Center For Energy and Material Research (CNPEM) का दौरा किया। दरअसल कैंपिनास की पहचान ब्राजील के विज्ञान, प्रौद्योगिकी व नवाचार की राजधानी के रूप में है । CNEP में विश्वस्तरीय चार वृहद व आधुनिक लैब हैं जहां तरह-तरह की शोध परियोजनाओं पर काम हो रहा है । उन्होंने बताया कि यहां चौथी पीढ़ी के Synchrotron Lig Source को भी देखने और समझने का अवसर मिला । इस अवसर पर डॉ हर्ष वर्धन ने मार्कोस पोंटिस को अपनी पुस्तक ‘ए टेल ऑफ़ टू ड्रॉप्स’ भेंट की । उन्होंने बताया कि पुस्तक में मेरे व्यक्तिगत अनुभव हैं, जिसमें मैंने बताया है कि पोलियो जैसी भयानक बीमारी से जूझ रहे देश को कैसे पोलियो से मुक्त कराकर पोलियो उन्मूलन में सफलता प्राप्त की।

इस बीच डॉ हर्ष वर्धन ने ब्राजील के विज्ञान व प्रौद्योगिकी मंत्री मार्कोस पोंटिस का उनके शानदार रात्रि भोज के लिए भी उनका धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि मार्कोस पोंटिस के मंत्रालय ने सभी ब्रिक्स देशों के मंत्रियों का जोरदार स्वागत किया ।