Agroha Bhawan must be built in time-bound manner


तय समय सीमा में हो अग्रोहा भवन का निर्माण : डॉ हर्ष वर्धन



After participating in a foundation laying ceremony of Agroha Bhawan at Mata Sundari Road in the national capital today, Union Minister for Science and Technology, Earth Sciences, Environment, Forests and Climate Change Dr Harsh Vardhan addressed a gathering in which he spoke highly of Maharaja Agrasen, the legendary king of Agroha.



New Delhi, January 6, 2019: After participating in a foundation laying ceremony of Agroha Bhawan at Mata Sundari Road in the national capital today, Union Minister for Science and Technology, Earth Sciences, Environment, Forests and Climate Change Dr Harsh Vardhan addressed a gathering in which he spoke highly of Maharaja Agrasen, the legendary king of Agroha. The Union Minister said Maharaja Agrasen was the holy man of extremely high rectitude and compassion. He said he has thoroughly maintained that values and morality associated with holy men can’t be compared especially, in the case of highly revered persons like Maharaja Agrasen, it is next to impossible.

नई दिल्ली, (6 नवंबर 2019) : वैश्य समाज के लगभग 5000 साल के इतिहास को संजोने और आगे बढ़ाने के लिए आज दिल्ली के माता सुंदरी मार्ग पर अग्रोहा भवन का भूमि पूजन किया गया। इस भवन में संग्रहालय, अनुसंधान केंद्र एवं आधुनिक तकनीक युक्त ई- लाइब्रेरी व अन्य सेवा कार्य करने की योजना है।

यह भवन राजधानी दिल्ली में वैश्य समाज का ऐसा धरोहर होगा जो विश्व स्तर पर देश व समाज के हित में कार्य करेगा। पूरे संसार के वैश्य- अग्रवाल बंधुओं का इसके साथ मिलन एवं जुड़ाव रहेगा।

The Union Minister said the proposed Agroha Bhawan which will have a house to archive around 5000 years of history of the business community, a research centre, an e-library and other centres of repute, should be in consonance with the standing and aura of Maharaja Agrasen.

He also called for the construction of Agroha Bhawan in a time-bound manner and appealed people from all communities, including businessmen to support the project in whatever manner they could do. He said he too will extend his humble support for the construction of Agroha Bhawn.

इस मौके पर केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, पृथ्वी विज्ञान, पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ हर्ष वर्धन ने कहा कि यह सभी के लिए आनंद का अवसर है और इस आनंद को शब्दों में व्यक्त करना मुश्किल है। कई कठिनाइयों से गुजरने के बाद यह सुअवसर आया है। यह भवन केवल स्टेट ऑफ आर्ट दिखने में नहीं होना चाहिए बल्कि इसके अंदर से सात्विक किस्म की ऊर्जा प्रतिपादित हो जो पूरी दुनिया और देश को प्रेरणा दे सके क्योंकि महाराज अग्रसेन जी का व्यक्तित्व भी उसी प्रकार का है।

On this occasion, several who’s who from the business community including Rajya Sabha member and Zee media group chairman Dr Subhash Chandra, veteran journalist Ved Pratap Vaidik, Nandkishore Goenka, national president of Agroha Vikas Trust were present.

Seen as very important science congress of the world, as many as 30,000 delegates, which included Nobel Laureates, eminent scientists, academicians from several countries, participated in the five-day event in this town of Punjab.

डॉ हर्ष वर्धन ने कहा कि महापुरुषों के गुणों की तुलना करना उचित नहीं है लेकिन महाराजा अग्रसेन जी महापुरुषों में श्रेष्ठ हैं और उन्होंने जीवन में जो भी कहा उसे कर के दिखाया। उन्होंने कहा कि इस भवन को तय समय सीमा में बनाने की जरूरत है और गिलहरी रूपी प्रयास करने में वो पीछे नहीं रहेंगे।

इस मौके पर अग्रोहा विकास ट्रस्ट के अध्यक्ष नंद किशोर गोयनका, राज्यसभा सांसद और जी मीडिया ग्रुप के चेयरमैन डॉ सुभाष चंद्रा,वरिष्ठ पत्रकार वेद प्रताप वैदिक, दिल्ली अग्रोहा ट्रस्ट के महामंत्री नरेश कुमार गुप्ता समेत कई हस्तियों ने हिस्सा लिया।