अस्थमा से राहत के लिए डॉ हर्ष वर्धन ने जारी की गाइडलाइंस


केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी, पृथ्वी विज्ञान व पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने गुरुवार को नई दिल्ली में अस्थमा को लेकर स्कूलों के लिए एक नियमावली जारी की।



नई दिल्ली (नवंबर 1, 2018) : केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी, पृथ्वी विज्ञान व पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने गुरुवार को नई दिल्ली में अस्थमा को लेकर स्कूलों के लिए एक नियमावली जारी की। यह नियमावली एक गैर लाभकारी संगठन लंग केयर फाउंडेशन ने तैयार की है और एम्स (नई दिल्ली), सर गंगा राम अस्पताल (नई दिल्ली), फोर्टिस (कोलकाता) और अपोलो (बेंगलुरू) के डॉक्टरों सहित भारत के प्रमुख डॉक्टरों ने इसकी समीक्षा की है।

11 विभिन्न भाषाओं में अनुवादित इस नियमावली को भारत भर के पर्यावरण क्लबों (इको क्लबों) के जरिये 1लाख से अधिक स्कूलों में लागू करने के लिए पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा स्वीकार किया गया है। इस नियमावली को सरल भाषा में तैयार किया गया है, इसमें बच्चों में अस्थमा और स्कूलों द्वारा लागू की जाने वाली बेहतरीन कार्यप्रणाली के बारे में जानकारी को शामिल किया गया है।

इस अवसर पर डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि दमा नियमावली स्कूली पर्यावरण प्रणाली में दमे के संबंध में मौलिक जानकारी प्राप्त करने में सभी साझेदारों की मदद करेगा और ऐसा माहौल तैयार करने की दिशा में उचित और अमल में लाने योग्य समाधान की पेशकश करेगा जिससे दमे का प्रभावी प्रबंध किया जा सके और इससे पीड़ित बच्चे स्कूल में स्वस्थ, खुशहाल और सक्रिय जीवन बिता सकें।

उन्होंने कहा कि पल्स पोलियो अभियान के बारे में अपने व्यक्तिगत अनुभव से, मैं आश्वस्त हूं कि अध्यापकों,स्कूल प्रशासन, माता-पिता और बच्चों के मिले जुले प्रयासों से हम स्कूलों में दमा के संबंध में सहयोगपूर्ण माहौल तैयार करने और देश के प्रत्येक बच्चे की सुरक्षा सुनिश्चित करने में सक्षम होंगे।